
विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (UGC) के नए नियमों को लागू किए जाने पर सुप्रीम कोर्ट ने बड़ा फैसला सुनाते हुए उन पर रोक लगा दी है। शीर्ष अदालत के आदेश के सामने आते ही वाराणसी में बीते तीन दिनों से चल रहा छात्र आंदोलन जश्न में बदल गया।

शहर के विभिन्न शिक्षण संस्थानों से जुड़े छात्रों ने एक-दूसरे को रंग-गुलाल लगाकर बधाई दी और मिठाइयां बांटी। छात्रों ने इस फैसले को अपनी एकजुटता और शांतिपूर्ण संघर्ष की जीत बताया। उनका कहना है कि UGC के नए नियम शिक्षा व्यवस्था और सामाजिक संतुलन के लिए नुकसानदेह साबित हो सकते थे।
छात्रों ने सुप्रीम कोर्ट का आभार जताते हुए कहा कि समय रहते हस्तक्षेप कर अदालत ने लाखों विद्यार्थियों के भविष्य को सुरक्षित किया है। फैसले के बाद वाराणसी में चल रहा आंदोलन फिलहाल स्थगित कर दिया गया है।
इस बीच गुरुवार को निलंबित सिटी मजिस्ट्रेट अलंकार अग्निहोत्री ने एटा में बयान देते हुए कहा कि “UGC के नए नियम सवर्ण समाज के लिए काला कानून हैं।” उनके इस बयान के बाद राजनीतिक और सामाजिक हलकों में चर्चा तेज हो गई है।
गौरतलब है कि UGC के नए नियमों के विरोध में देश के कई हिस्सों में छात्र आंदोलित थे। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद छात्रों को बड़ी राहत मिली है।