

वाराणासी जिले में कैंट में स्थित रेलवे स्टेशन पर पिछड़ा मोर्चा काशी क्षेत्र के तत्वावधान में महाराष्ट्र से आए मराठी बंधुओं का हार्दिक स्वागत, अभिनंदन एवं वंदन किया गया। कार्यक्रम का नेतृत्व पिछड़ा मोर्चा काशी क्षेत्र के क्षेत्रीय उपाध्यक्ष श्री अनूप जायसवाल ने किया। स्वागत कार्यक्रम में अतिथियों को तिलक, अक्षत एवं गुलाब की पंखुड़ियों से सम्मानित किया गया।
इस अवसर पर क्षेत्रीय उपाध्यक्ष अनूप जायसवाल ने संबोधित करते हुए कहा कि —
“महाराष्ट्र में हिंदी भाषी लोगों के साथ मनसे (महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना) के कार्यकर्ताओं द्वारा की जा रही हिंसा और भेदभाव अत्यंत निंदनीय है। हम यह संदेश देना चाहते हैं कि चाहे वह उत्तर प्रदेश हो, महाराष्ट्र हो, मध्य प्रदेश हो या राजस्थान — भारत का हर राज्य, भारत का अभिन्न अंग है। इसमें रहने वाले सभी नागरिक भारतीय हैं और हमें जाति, भाषा, प्रांत से ऊपर उठकर एकता और समरसता का परिचय देना चाहिए।”
क्षेत्रीय उपाध्यक्ष सोमनाथ विश्वकर्मा ने भी अपने उद्बोधन में कहा कि —
“भारत की विविधता ही उसकी सबसे बड़ी ताकत है। अगर हम भाषा, प्रांत या धर्म के आधार पर एक-दूसरे से दूरी बनाते रहेंगे तो हमारा राष्ट्रीय एकता का ताना-बाना कमजोर होगा। इसलिए सभी देशवासियों को मिलकर भारत को ‘विश्व गुरु’ बनाने की दिशा में कार्य करना चाहिए।”
इस कार्यक्रम के माध्यम से यह संदेश दिया गया कि हम सभी को मिलकर एकजुटता के साथ भारत के उज्ज्वल भविष्य के लिए कार्य करना चाहिए, जिससे हमारे देश में भाईचारा, प्रेम और समानता की भावना प्रबल हो।
कार्यक्रम का संचालन क्षेत्रीय मंत्री दीपक आर्य ने धन्यवाद ओम प्रकाश यादव बाबू,व शंकर जायसवाल ने किया ।
कार्यक्रम में प्रमुख रूप से सिद्धनाथ गौड़ अलगु, धीरेन्द्र शर्मा,प्रिय कुमार माणिक,अखिल वर्मा, आदित्य गोयनका,सुजीत गुप्ता,धर्मचंद,मनीष चौरसिया,मंगलेश जायसवाल,राजेश दूबे, प्रदीप जायसवाल, गोपाल जी,कन्हैया सेठ,आदि उपस्थित रहे।

