वाराणसी अपर जिला जज/ दूरगामी (चौदहवाँ) वित आयोग मनोज कुमार की अदालत में शुक्रवार को कोतवाली थाने के एक कफ सिरफ प्रकरण में आरोपी भोला प्रसाद जायसवाल को सोनभद्र जेल से लाकर पुलिस ने पेश किया। कोर्ट ने आरोपी के न्यायिक रिमांड बनाते हुए जेल में भेज दिया अगली सुनवाई हेतु 9 जनवरी की तिथि नियत की है. अभियोजन की ओर से विशेष अभियोजक अधिकारी सुनील सिंह ने पैरवी की।

प्रकरण के अनुसार कोतवाली थाने में मुकदमा दर्ज कराया गया है जिसमें अभियुक्त पर आरोप है कि उसकी मेसर्स शैली ट्रेडर्स व उक्त फर्म के कॉम्पेटेंट पर्सन शुभम जायसवाल के साथ मिलकर कूटरचित दस्तावेजों के आधार पर फर्जी फर्म पंजीकृत कराकर उक्त फर्म शैली ट्रेडर्स से कोडीनयुक्त कफ सिरप की भारी मात्रा को विधि विरुद्ध तरीके से गैर चिकित्सीय व नशे के रूप में विक्रय किया जा रहा था। इस मामले में भोला जायसवाल समेत कई लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया। पिछले दिनों भोला के गिरफ्तार होने के बाद सोनभद्र जेल में निरुद्ध किया गया था। इसके बाद इस मामले के विवेचक ने कोर्ट में अर्जी देकर आरोपी को सोनभद्र जेल से वारंट बी से तलब करने की गुहार लगाई गई थी। जिसके बाद कोर्ट ने आरोपी को सोनभद्र जेल से दो जनवरी पेश करने के आदेश दिया था। इसी के तहत पुलिस ने आरोपी को शुक्रवार को कोर्ट पेश किया। कोर्ट ने दोनों पक्षों के सुनने और पत्रावली के अवलोकन के बाद आरोपी को सात दिन के न्यायिक रिमांड बनते हुए जेल भेज दिया।
उधर इसी कोर्ट में मुख्य आरोपी शुभम जायसवाल समेत छः आरोपी के खिलाफ गैर जमानतीय वारंट जारी करने की गुहार लगाई गई। कोर्ट ने पत्रावली के अवलोकन के बाद छः आरोपी के खिलाफ गैर जमानतीय वारंट जारी की गई है। प्रहलाद घाट निवासी शुभम जायसवाल, खोजवा बाजार भेलूपुर निवासी दिवेश जायसवाल उर्फ सानू, वाजिदपुर जौनपुर निवासी विकास सिंह, गोलघर निवासी आकाश पाठक, गायघाट कोतवाली राहुल यादव, सोनिया निवासी अमित आदि शामिल है।
उधर रोहनिया थाना क्षेत्र के एक मामले में आरोपी काशीपुर रोहनिया निवासी महेश कुमार सिंह ने पुलिस के चकमा देकर हाजिर हो गया कोर्ट ने आरोपी को न्यायिक अभिरक्षा में लेकर जेल भेज दिया आरोपी ने अपने अधिवक्ता शशि कांत राय उर्फ चुन्ना राय, विपिन शर्मा के माध्यम से कोर्ट में आत्मसमर्पण किया। उधर इसी कोर्ट में कफ सिरफ मामले में आरोपी के संपति जप्तीकरण करने की पुलिस अर्जी पर सुनवाई हुई। कोर्ट में आरोपी के अधिवक्ता शैलेन्द्र सिंह ने अर्जी देख कर इस पर लिखित आपत्ति दाखिल करने के लिए 15 दिन के समय मांगा कोर्ट ने इस अर्जी पर सुनवाई करने के लिए नौ जनवरी की तिथि नियत की है।